बदरीनाथ व केदारनाथ में अभी तक दिव्यांगाें व बुजुर्गों के लिए दर्शन की कोई अलग से व्यवस्था नहीं है। उन्हें भी आम श्रद्धालुओं की तरह लाइन में दर्शन करने पड़ते हैं। बीकेटीसी ने दिव्यांग व 70 वर्ष व उससे अधिक आयु के बुजुर्गों के सुगम दर्शन की व्यवस्था बनाई है। इससे धामों में दिव्यांगों व बुजुर्गों को दर्शन करने में बड़ी राहत मिलेगी। बीकेटीसी ने नई व्यवस्था को लागू करने के लिए मानव प्रचालन प्रक्रिया (एसओपी) तैयार कर ली है। जल्द ही नई व्यवस्था धामों में लागू की जाएगी।
एसओपी के अनुसार शारीरिक व मानसिक रूप से दिव्यांग, बुजुर्ग श्रद्धालुओं को दर्शन करने से पहले अनिवार्य रूप से मंदिर समिति के काउंटर पर पंजीकरण कराया जाएगा। बुजुर्गों को आधार कार्ड व दिव्यांगों को दिव्यांगता प्रमाणपत्र दिखाना होगा। बदरीनाथ व केदारनाथ धाम में सुबह व शाम को आधा घंटे का समय निर्धारित किया जाएगा।